
रांची: झारखंड दौरे पर आए प्रधानमंत्री इकोनॉमिक एडवाइजरी काउंसिल के सदस्य एवं देश के प्रख्यात आर्थिक चिंतक प्रो. डॉ. गौरव वल्लभ ने आज रांची के चैम्बर भवन में आयोजित विकसित भारत बजट विषय पर आधारित परिचर्चा में अपने विचार साझा किए. अपने संबोधन में प्रो. डॉ. वल्लभ ने कहा कि देशवासी प्रधानमंत्री के 2047 तक विकसित भारत के संकल्प से पूरी तरह जुड़े हुए हैं.
उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा जब राज्य विकसित होंगे और इसी क्रम में विकसित झारखंड से ही विकसित भारत का निर्माण संभव है. उन्होंने कहा कि एक समय झारखंड के प्रमुख शहर देश की एमएसएमई गतिविधियों के इंजन हुआ करते थे, किंतु आज उनकी स्थिति चिंताजनक है. उन्होंने विकसित भारत की परिभाषा को स्पष्ट करते हुए कहा कि इसका अर्थ केवल आर्थिक विकास नहीं, बल्कि क्वालिटी ऑफ लाइफ, बेहतर स्वास्थ्य, गु…
उपाध्यक्ष प्रवीण लोहिया ने कहा कि झारखंड में प्रति व्यक्ति आय कम है, इसलिए यहां लोगों के खर्च करने की क्षमता भी कम है, ऐसे में यहां पर उद्योग व्यापार का स्तर बड़ा करने के लिए केंद्र सरकार को विशेष आर्थिक पैकेज देना चाहिए. चैम्बर अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा ने कहा कि प्रधानमंत्री के 2047 के संकल्प को साकार करने के लिए यह आवश्यक है कि पूर्वी भारत के राज्य, विशेषकर झारखंड, जो आज अंतिम पायदान पर है, तेजी से आगे बढ़े.
उन्होंने यह जानने की जिज्ञासा व्यक्त की कि केंद्र सरकार झारखंड को ग्रोथ इंजन के रूप में विकसित करने के लिए किस प्रकार देख रही है और जीडीपी ग्रोथ को कैसे गति दी जा सकती है. सभा का संचालन चैम्बर के कोषाध्यक्ष अनिल अग्रवाल ने किया.

