
रांची: खादगढ़ा बस स्टैंड पर लगातार हो रही आगजनी की घटनाओं में पुलिस ने एक संदिग्ध आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर लोअर बाजार थाने की पुलिस ने अर्जुन भोक्ता नामक आरोपी को पकड़ा, जिसके कब्जे से माचिस का डिब्बा और लाइटर बरामद हुआ. प्रारंभिक जांच में आरोपी पर जानबूझकर आग लगाने का शक है.
सीसीटीवी फुटेज से पकड़ा गया
रांची के सिटी एसपी पारस राणा ने बताया कि 1 फरवरी 2026 को दोपहर करीब 2:30 बजे खादगढ़ा बस स्टैंड पर खड़ी छह बसों में अचानक आग लग गई थी, जिसमें सभी बसें जलकर खाक हो गईं. इस घटना की जांच जारी थी, उसी दौरान 2 फरवरी को बस टर्मिनल के सामने खड़ी सीटी बस (रजिस्ट्रेशन नंबर JH01AF-6969) में फिर आग लग गई. राहत की बात यह रही कि समय रहते आग बुझा ली गई.
जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज की पड़ताल में एक संदिग्ध व्यक्ति का हाथ फुटेज में कैद हुआ. फुटेज में देखा गया कि बस में आग लगने से ठीक पहले वह व्यक्ति हाथ में कपड़ा लिए बस में घुसा और बाहर निकलते ही आग भड़क उठी. पुलिस ने आगे जांच की तो 1 फरवरी की घटना वाली पहली जलकर खाक हुई बस के पांच मिनट पहले भी यही व्यक्ति उसी बस के पास से गुजरता नजर आया.
इन सुरागों के आधार पर लोअर बाजार थाने में 3 फरवरी को कांड संख्या 31/2026 धारा 326(g)/327(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया. विशेष टीम ने छापेमारी कर आरोपी को उसके घर से दबोच लिया. गिरफ्तार आरोपी अर्जुन भोक्ता है, जो रांची के सिकिदरी का रहने वाला है. गिरफ्तार आरोपी के पास से एक माचिस का डिब्बा और एक लाइटर भी बरामद किया गया
रांची के सिटी एसपी पारस राणा ने बताया कि आरोपी को जिस समय पकड़ा गया वह अत्यधिक नशे में था या तो उसने शराब का नशा किया था या फिर डेंड्रॉइट का. सिटी एसपी के अनुसार, इस मामले में दर्जनों लोगों से पूछताछ की गई है. लेकिन अंत में सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया गया.
साल 2023 में 9 बसों में आग लगी थी, नाबालिग हुआ था निरुद्ध
खादगढ़ा बस स्टैंड में भीषण आग लगी कि यह पहली घटना नहीं है जिसे किसी नशेड़ी या फिर सिरफिरे के द्वारा अंजाम दिया गया हो. साल 2023 में जून महीने में भी 9 बसों में आग लगी थी. जून महीने में 5 घंटे के अंतराल में खादगढ़ा बस स्टैंड में दो बार भीषण आग लगी थी, इस आग लगी में 8 बसें जलकर पूरी तरह से खाक हो गई, जबकि एक बस को अग्निशमन विभाग के द्वारा बचा लिया गया था. 9वें बस में आंशिक रूप से नुकसान हुआ था, लेकिन बाकी आठ बसें तो पूरी तरह से जल कर राख हो गई थीं.
पहली वारदात में कुल 5 बसों में अचानक आग लगी थी आनन-फानन में दमकल के वाहनों को बुलाया गया लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ, नतीजा चार बसें जलकर पूरी तरह से खाक हो गई थी. पहली अगलगी कि घटना के बाद दमकल के 5 वाहनों ने 2 घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया था. आग पर काबू पाने के बाद दमकल के वाहन वापस चले गए. आग पर काबू पाने के बाद पुलिस मामले की तफ्तीश में जुट गई और सीसीटीवी फुटेज खंगालने लगी ताकि आग कैसे लगी इसकी जांच हो जाए. लेकिन तभी अचानक खादगढ़ा बस स्टैंड में एक बार फिर से भगदड़ मच गई.
5 घंटे के अंतराल में दूसरी बार बस स्टैंड में खड़ी चार बसों में आग लग चुकी थी. एक बार फिर से अग्निशमन विभाग को मामले की जानकारी दी गई. इस बार भी दमकल के वाहनों को खादगढ़ा बस स्टैंड पहुंचने में लगभग आधा घंटा लग गए. लेकिन आग की लपटें इतनी तेज थी कि देखते ही देखते एक बार फिर से चार बसें जलकर खाक हो गईं. दूसरी बार भी दमकल के 6 वाहनों ने 3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया था. बाद में सीसीटीवी जांच में यह बात सामने आई कि एक नाबालिग द्वारा बसों में स्प्रिट छिड़क कर आग लगायी गयी थी. जिसके बाद आरोपित नाबालिग को पुलिस के द्वारा निरुद्ध किया गया था.

